Chorus
अर्पण करती हूँ तुझको, प्रभु मैं जीवन मेरा
तेरी सेवा में तेरे चरणों में, अर्पित है तन-मन मेरा (2)
Verse 1
तेरी दया से जिन्दगी मैंने है पायी (2)
तेरी कृपा से -2 दिल में है शांति छायी
तुझको समपर्ण -4 करती मैं जीवन सारा ।
Verse 2
अंधेरी राह में दीपक तूने जलाया (2)
हर बुराई से -2 तूने मुझको बचाया
तुझको समर्पण -4 करती मैं जीवन सारा ।
Verse 3
खुद को देकर तूने जग को संभाला (2)
तेरे जीवन से -2 सबको तूने है पाला
तुझको समर्पण -4 करती मैं जीवन सारा ।